प्यारे बालकों, आप सब आपके सुनहरे भविष्य के खुद निर्माता हो और खुद ही निर्णायक हो । आप स्वयं आपदा में भी अवसर तलासने वाले हो, आप स्वयं अवसर के निर्माता हो तुम्हारा भाग्य तुम्हारे हाथों की मुट्ठी के अन्दर बंद है, चाहे परिस्थिति कैसी भी हो अपने मन की दृढ शक्ति के कारण ही ना जाने कितने अबोध बालक ज्ञान को प्राप्त कर महान पुरूष बन गये है और राष्ट्र के निर्माण में अपना सर्वस्व योगदान देकर जीवन को एक चमकते हुए हीरे की तरह तराश लिया है बस अपने मन में उस छिपी हुई शक्ति को जगाने की आवश्यकता है।
POETRY / General
Nani Ke Sath Lubhavne Sapne
₹199.00
By: Dr. Aishwarya Narayan Agrawal
ISBN: 9789366651347
Language: Hindi
Pages: 72
Format: Paperback
Category: POETRY / General
Delivery Time: 7-9 Days





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